बेंगलुरु, 5 नवंबर 2025: कन्नड़ सिनेमा के सुपरस्टार और बहुमुखी प्रतिभा के धनी ऋषभ शेट्टी ने एक बार फिर अपनी कला से सबको मंत्रमुग्ध कर दिया है। 70वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों में उन्हें ‘कांतारा’ फिल्म में अपनी शानदार अभिनय के लिए बेस्ट एक्टर इन लीडिंग रोल का सम्मान मिला है। यह पुरस्कार न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि कर्नाटक की सांस्कृतिक धरोहर को राष्ट्रीय पटल पर चमकाने का प्रतीक भी है। पुरस्कारों की घोषणा कल (4 नवंबर) सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा की गई, जिसके बाद कर्नाटक में उत्साह की लहर दौड़ गई।
ऋषभ शेट्टी, जिन्हें ‘कांतारा’ के बाद पैन-इंडिया स्टार के रूप में जाना जाता है, ने इस पुरस्कार को प्राप्त करने पर कहा, “यह सम्मान मेरे लिए नहीं, बल्कि उन सभी कलाकारों, तकनीशियनों और कर्नाटक की लोक संस्कृति के प्रति समर्पित हर व्यक्ति के लिए है। ‘कांतारा’ एक यात्रा थी जो भूतेश्वर की पूजा और प्रकृति के साथ हमारे बंधन को दर्शाती है।” उनका यह बयान सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
‘कांतारा’ की सफलता: एक नया अध्याय
2022 में रिलीज हुई ‘कांतारा’ ने बॉक्स ऑफिस पर तहलका मचा दिया था। यह फिल्म, जो ऋषभ ने खुद लिखी, निर्देशित और अभिनय किया, ने कर्नाटक की भूतेश्वर पूजा पर आधारित एक काल्पनिक कथा को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई। फिल्म ने न केवल बेस्ट पॉपुलर फिल्म प्रोवाइडिंग होलेसम एंटरटेनमेंट का पुरस्कार जीता, बल्कि ऋषभ को बेस्ट एक्टर का खिताब भी दिलाया। राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों में यह उपलब्धि कन्नड़ सिनेमा के लिए गौरवपूर्ण है, खासकर तब जब कर्नाटक राज्य फिल्म पुरस्कारों में भी हाल ही में उनकी डायरेक्टोरियल डेब्यू फिल्म ‘सरकारी ही. प्र. शाले, कासरागोडु’ को बेस्ट डायरेक्टर और बेस्ट एंटरटेनिंग फिल्म का अवॉर्ड मिला।
कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने ट्वीट कर ऋषभ को बधाई दी: “ऋषभ शेट्टी की प्रतिभा कर्नाटक की मिट्टी से जुड़ी है। यह पुरस्कार हमारे सिनेमा की समृद्धि को दर्शाता है।” सिनेमा जगत से भी दिग्गजों ने सराहना की। यश (कन्नड़ स्टार) ने कहा, “भाई, तुम्हारी मेहनत रंग लाई। कांतारा चैप्टर 1 का इंतजार है!” वहीं, दक्षिण सिनेमा के दिग्गज प्रभास ने इंस्टाग्राम पर स्टोरी शेयर कर बधाई दी।
ऋषभ की यात्रा: संघर्ष से स्टारडम तक
ऋषभ शेट्टी का सफर प्रेरणादायक है। उडुपी के एक छोटे से गांव केराडी में जन्मे प्रशांत शेट्टी, जिन्हें प्यार से ऋषभ कहा जाता है, ने सैंडलवुड (कन्नड़ सिनेमा) में छोटे-मोटे रोल्स से शुरुआत की। 2018 में उनकी पहली निर्देशक फिल्म ‘सरकारी ही. प्र. शाले, कासरागोडु, कोडुगे: रमन्ना राय’ ने राज्य स्तर पर सराहना बटोरी। लेकिन ‘कांतारा’ ने उन्हें राष्ट्रीय हीरो बना दिया। फिल्म ने 400 करोड़ से अधिक की कमाई की और नेटफ्लिक्स पर भी हिट रही।
पिछले साल 69वें राष्ट्रीय पुरस्कारों में भी ‘कांतारा’ को सम्मान मिला था, लेकिन इस बार बेस्ट एक्टर का पुरस्कार उन्हें व्यक्तिगत रूप से मिला। कर्नाटक में यह खबर सुर्खियां बटोर रही है, जहां सिनेमा प्रेमी उनके सम्मान समारोह का इंतजार कर रहे हैं। पुरस्कार वितरण समारोह अगले महीने नई दिल्ली में होगा।
भविष्य की झलक: ‘कांतारा चैप्टर 1’ और आगे की योजनाएं
यह पुरस्कार ऋषभ के लिए नई शुरुआत है। वे ‘कांतारा चैप्टर 1’ पर काम कर रहे हैं, जो मूल फिल्म की प्रीक्वल होगी। इसके अलावा, वे एक पैन-इंडिया प्रोजेक्ट पर भी हस्ताक्षर कर चुके हैं। कर्नाटक सरकार ने भी उन्हें सिनेमा प्रोत्साहन के लिए आमंत्रित किया है।
ऋषभ शेट्टी की यह जीत कन्नड़ सिनेमा को मजबूत करने का संदेश देती है। एक बार फिर साबित हो गया कि प्रतिभा की कोई सीमा नहीं होती। कर्नाटक के सिनेमा हॉल्स में ‘कांतारा’ के गाने फिर गूंजने लगे हैं, और फैंस कह रहे हैं – “शेट्टी भाई, फिर चमको!”
Author: saryusandhyanews
SENIOR JOURNALIST




