लंदन/वॉल्सॉल, 27 अक्टूबर 2025: ब्रिटेन के वेस्ट मिडलैंड्स इलाके में एक बार फिर भारतीय मूल की युवती पर नस्लीय प्रेरित हमले की घटना ने पूरे समुदाय को स्तब्ध कर दिया है। वॉल्सॉल के पार्क हॉल इलाके में शनिवार शाम एक 20 वर्षीय महिला के साथ हुए इस जघन्य बलात्कार को पुलिस ने ‘नस्लीय रूप से उकसाया गया हमला’ (racially aggravated attack) करार दिया है। हमलावर ने कथित तौर पर पीड़िता के घर का दरवाजा तोड़ दिया और अंदर घुसकर अपराध को अंजाम दिया। वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस ने संदिग्ध का सीसीटीवी फुटेज जारी कर जनता से जानकारी मांगने का आग्रह किया है।
घटना का विवरण
पुलिस के अनुसार, शनिवार शाम को वॉल्सॉल के पार्क हॉल इलाके में एक महिला की परेशानी की सूचना मिलने पर अधिकारी मौके पर पहुंचे। जांच में पता चला कि हमलावर ने पीड़िता के घर का दरवाजा तोड़ दिया और अंदर प्रवेश कर लिया। स्थानीय स्रोतों के हवाले से सिख फेडरेशन यूके ने बताया कि पीड़िता एक पंजाबी महिला है, जो भारतीय मूल की है। हमलावर ने नस्लीय टिप्पणियां कीं, जिसके कारण पुलिस ने इसे नस्लीय अपराध के रूप में दर्ज किया है।
संदिग्ध को सफेद फर्राटेदार, 30 वर्षीय पुरुष बताया गया है, जिसके छोटे बाल हैं और घटना के समय काली कपड़ों में था। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज जारी किया है, जिसमें संदिग्ध साफ दिखाई दे रहा है। डिटेक्टिव सुपरिंटेंडेंट रोनन टायरर ने कहा, “यह एक युवा महिला पर अत्यंत घृणित हमला था। हम आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं।” उन्होंने जनता से डैशकैम या सीसीटीवी फुटेज साझा करने की अपील की है।
समुदाय में चिंता की लहर
यह घटना सितंबर महीने की एक समान घटना के महज कुछ हफ्तों बाद हुई है, जब ओल्डबरी इलाके में एक ब्रिटिश सिख महिला के साथ नस्लीय प्रेरित बलात्कार हुआ था। सिख फेडरेशन यूके ने बयान जारी कर कहा, “हम गहराई से स्तब्ध और दुखी हैं कि वॉल्सॉल में एक और नस्लीय प्रेरित बलात्कार की खबर आई है। वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस ने पिछले दो महीनों में दो युवा महिलाओं के साथ ऐसे अपराध दर्ज किए हैं।” संगठन ने पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
बर्मिंघम एडगबेस्टन की लेबर सांसद प्रीत कौर गिल ने सोशल मीडिया पर टिप्पणी की, “वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस ने पार्क हॉल इलाके में एक युवा महिला के बलात्कार और हमले की रिपोर्ट दर्ज की है, जो नस्लीय प्रेरित है। यह बेहद चिंताजनक है।” स्थानीय भारतीय और सिख समुदाय में डर का माहौल है, और कई संगठन सुरक्षा उपायों की मांग कर रहे हैं।
पुलिस की कार्रवाई और अपील
पुलिस ने जांच तेज कर दी है और इलाके में गश्त बढ़ा दी है। डीएस टायरर ने कहा, “हम समुदाय के लोगों से बात कर रहे हैं ताकि उनकी चिंताओं को समझ सकें। आने वाले दिनों में पुलिस उपस्थिति बढ़ाई जाएगी।” फिलहाल, इस घटना को सितंबर वाली घटना से जोड़ने का कोई सबूत नहीं मिला है, लेकिन जांच जारी है।
यदि आपके पास कोई जानकारी है, तो वेस्ट मिडलैंड्स पुलिस से संपर्क करें (नॉन-इमरजेंसी: 101) या गुमनाम रूप से क्राइमस्टॉपर्स (0800 555 111) पर कॉल करें। भारतीय दूतावास ने भी पीड़िता को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया है।
व्यापक संदर्भ: नस्लीय हिंसा का बढ़ता खतरा
ब्रिटेन में भारतीय और दक्षिण एशियाई मूल के लोगों पर नस्लीय हमलों की घटनाएं चिंता का विषय बनी हुई हैं। हाल के वर्षों में ऐसे अपराधों में वृद्धि देखी गई है, खासकर कोविड-19 महामारी के बाद। विशेषज्ञों का मानना है कि सामाजिक तनाव और ऑनलाइन घृणा फैलाने वाले कैंपेन इन घटनाओं को बढ़ावा दे रहे हैं। समुदाय संगठनों ने सरकार से सख्त कानून और जागरूकता अभियान की मांग की है।
यह घटना न केवल पीड़िता के लिए दुखद है, बल्कि पूरे प्रवासी समुदाय के लिए एक चेतावनी है। हमें एकजुट होकर नस्लवाद के खिलाफ आवाज उठानी होगी। पीड़ितों के समर्थन में रेप क्राइसिस सेंटर और विक्टिम सपोर्ट जैसे संगठन उपलब्ध हैं, जो काउंसलिंग और कानूनी सहायता प्रदान करते हैं।
Author: saryusandhyanews
SENIOR JOURNALIST




