नई दिल्ली, 14 अक्टूबर 2025 – बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की रणभूमि पर गठबंधन की राजनीति ने नया मोड़ ले लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में रविवार को राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) ने अपनी सीट बंटवाड़ा फॉर्मूला अंतिम रूप से तय कर लिया। भाजपा और जनता दल (यूनाइटेड) को 101-101 सीटें मिलेंगी, जबकि चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) को 29, हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (एचएएम) को 6 और राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (आरएलएम) को 6 सीटें आवंटित की गई हैं। यह फैसला भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति (सीईसी) की बैठक में लिया गया, जिसमें पीएम मोदी ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और अन्य सहयोगी दलों के नेताओं के साथ चर्चा की। भाजपा के बिहार प्रभारी विनोद तावड़े ने कहा, “यह निर्णय एनडीए की एकजुटता का प्रतीक है। हम सत्ता में वापसी के लिए तैयार हैं।”
बैठक का विवरण: मोदी की रणनीति से मजबूत हुआ गठबंधन
रविवार शाम को नई दिल्ली में भाजपा मुख्यालय पर आयोजित केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने व्यक्तिगत रूप से हिस्सा लिया। बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय सिन्हा, साथ ही नीतीश कुमार, चिराग पासवान, जीतन राम मांझी और उपेंद्र कुशवाहा जैसे सहयोगी नेता मौजूद थे। लगभग चार घंटे चली इस चर्चा में सीट बंटवाड़े के अलावा प्रत्याशियों की सूची पर भी विचार-विमर्श हुआ।
एनडीए के एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि चिराग पासवान की पार्टी ने शुरू में 40 सीटों की मांग की थी, लेकिन भाजपा के दबाव में 29 पर सहमत हो गई। इसी तरह, जीतन राम मांझी की एचएएम और उपेंद्र कुशवाहा की आरएलएम को 6-6 सीटें देकर गठबंधन को मजबूत किया गया। केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, “यह बंटवाड़ा आपसी सहमति से तय हुआ है। नीतीश कुमार और पीएम मोदी की जोड़ी बिहार को विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जाएगी।” भाजपा ने सोमवार को ही अपनी पहली सूची जारी कर 71 प्रत्याशियों के नाम घोषित कर दिए, जिसमें दो उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय सिन्हा, तथा राम कृपाल यादव जैसे प्रमुख चेहरे शामिल हैं।
राजनीतिक प्रभाव: एनडीए का मजबूत मोर्चा, महागठबंधन में खलबली
यह सीट बंटवाड़ा एनडीए के लिए बड़ा राजनीतिक हथियार साबित हो सकता है। 2020 के चुनाव में भाजपा को 74 और जेडीयू को 43 सीटें मिली थीं, लेकिन इस बार समान बंटवाड़े से नीतीश कुमार को मजबूती मिली है। चिराग पासवान ने ट्वीट कर कहा, “मोदी जी और नीतीश जी के नेतृत्व में एनडीए पूरी तरह एकजुट है। हम बिहार को भ्रष्टाचार मुक्त बनाएंगे।” छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने भी कहा, “देश भर में मोदी जी पर भरोसा है। बिहार में भी एनडीए की जीत तय है।”
दूसरी ओर, विपक्षी महागठबंधन (आरजेडी-कांग्रेस) में सीट बंटवाड़ा पर सहमति नहीं बन पाई। सोमवार को दिल्ली में लालू प्रसाद और तेजस्वी यादव की कांग्रेस नेताओं के साथ दो दौर की बैठक बेनतीजा रही। कांग्रेस के बिहार अध्यक्ष राजेश राम ने कहा, “एनडीए बीमार है, जबकि इंडिया गठबंधन पूरी तरह स्वस्थ। हम जल्द फैसला लेंगे।” तेजस्वी यादव ने एनडीए पर निशाना साधते हुए कहा, “भाजपा जेडीयू को खत्म करने की साजिश रच रही है।” स्वतंत्र सांसद पप्पू यादव ने एनडीए के फैसले को “सामान्य” बताया, लेकिन महागठबंधन की एकता पर सवाल उठाए।
चुनावी समय-सारिणी: नामांकन की अंतिम तिथि नजदीक
बिहार चुनाव दो चरणों में 6 और 11 नवंबर को होंगे, जबकि नतीजे 14 नवंबर को आएंगे। नामांकन की अंतिम तिथि 17 अक्टूबर है, इसलिए एनडीए ने तेजी दिखाई। पीएम मोदी 16 अक्टूबर को भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ इंटरैक्टिव सेशन से चुनावी अभियान की शुरुआत करेंगे। जन सुराज पार्टी ने भी अपनी दूसरी सूची जारी की, जिसमें 65 उम्मीदवारों के नाम हैं।
Author: saryusandhyanews
SENIOR JOURNALIST




