भारत की वैश्विक कूटनीति और वैश्विक मंचों पर बढ़ती ताकत को एक बार फिर बड़ा अंतरराष्ट्रीय समर्थन मिला है। पोलैंड के भारत में राजदूत पियोत्र अंतोनी श्चिताल्स्की (Piotr Antoni Świtalski) ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में भारत की स्थायी सदस्यता की पुरजोर वकालत की है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि वैश्विक शासन सुधारों (Global Governance Reform) के तहत संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत की स्थायी सदस्यता एक ‘स्वाभाविक और स्पष्ट तत्व’ (Obvious Element) है।
ग्लोबल साउथ (Global South) की बढ़ती आवाज
पोलिश राजदूत ने इस बात पर जोर दिया कि मौजूदा वैश्विक संस्थानों को आज की बदलती वास्तविकताओं और दुनिया की एक तिहाई से अधिक आबादी वाले ‘ग्लोबल साउथ’ के बढ़ते प्रभाव को प्रतिबिंबित करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र और तेजी से उभरती आर्थिक महाशक्ति के रूप में भारत की अनदेखा नहीं किया जा सकता है। संयुक्त राष्ट्र जैसे संगठनों को प्रासंगिक बनाए रखने के लिए यह जरूरी है कि भारत को सुरक्षा परिषद में स्थायी जगह मिले।
रणनीतिक साझेदारी और द्विपक्षीय संबंध
पोलैंड के राजदूत का यह बयान ऐसे समय में आया है जब भारत और पोलैंड के बीच रणनीतिक साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है। दोनों देश रक्षा, व्यापार और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा जैसे मुद्दों पर आपसी सहयोग को और अधिक गहरा करने की दिशा में काम कर रहे हैं।
इसके अलावा, पोलैंड ने अंतरराष्ट्रीय मंचों पर रूस-Ukraine युद्ध जैसे मामलों में भारत के संतुलित और शांति-समर्थक रुख की भी सराहना की है, और माना है कि भारत वैश्विक शांति स्थापना में एक विश्वसनीय मध्यस्थ की भूमिका निभा सकता है।
Author: saryusandhyanews
SENIOR JOURNALIST




